हरियाणा सरकार का बड़ा कदम! एक दिन में 50.46 लाख लोगों के खातों में पहुंचे ₹1,634 करोड़ — जानें किस योजना से कितना पैसा

हरियाणा में सरकार ने विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के तहत एक ही दिन में 50.46 लाख बुजुर्गों, महिलाओं, किसानों और गरीब परिवारों के बैंक खातों में ₹1,634 करोड़ की सहायता राशि ट्रांसफर कर दी। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने खुद राशि जारी करने के बजाय तीन महिला और एक किसान लाभार्थी से बटन दबवाकर यह राशि जारी कराई, ताकि लाभार्थियों की भागीदारी का प्रतीक बने। यह पूरा भुगतान DBT (Direct Benefit Transfer) के माध्यम से सीधे खातों में पहुंचाया गया।

ताजे अपडेट पाने के लिये हमारे ग्रुप को ज्वाइन करें Join Now

15 श्रेणियों में ₹1,131 करोड़ की सामाजिक सुरक्षा पेंशन

वृद्धावस्था सम्मान भत्ता, दिव्यांग भत्ता सहित विभिन्न 15 सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाओं के तहत 35 लाख 13 हजार 295 लाभार्थियों के खातों में ₹1,131 करोड़ डाले गए हैं। इसके अलावा, हर घर-हर गृहिणी योजना के तहत गैस सिलिंडर रिफिल करवाने वाली पांच लाख 14 हजार महिलाओं के बैंक खातों में अगस्त महीने की ₹20 करोड़ 39 लाख की सब्सिडी हस्तांतरित की गई।

दयालु और भावांतर भरपाई योजना में भी करोड़ों का भुगतान

दयालु योजना के तहत 4,222 परिवारों को ₹158 करोड़ 80 लाख की आर्थिक सहायता बैंकों के माध्यम से पहुंचाई गई। वहीं, भावांतर भरपाई योजना के तहत आलू और फूलगोभी उत्पादक 3,384 किसानों को ₹34 करोड़ 79 लाख की भावांतर राशि जारी की गई। आलू की भावांतर राशि अंबाला, कुरुक्षेत्र, यमुनानगर और सिरसा के किसानों को, जबकि फूलगोभी की राशि कुरुक्षेत्र और यमुनानगर के सब्जी उत्पादक किसानों को दी गई है। अनुसूचित जाति एवं पिछड़ा वर्ग की चौपालों की मरम्मत और नवीनीकरण के लिए भी 21 जिलों में 1,723 कार्यों हेतु ₹77 करोड़ जारी किए गए हैं।

2,651 नए राशन डिपो और पुस्तक सेतु पोर्टल का शुभारंभ

कैबिनेट बैठक के बाद मुख्यमंत्री ने प्रदेश में उचित मूल्य की 2,651 नई राशन दुकानों (राशन डिपो) के आवंटन के लिए ऑनलाइन पंजीकरण पोर्टल का भी शुभारंभ किया। खास बात यह है कि इन नए डिपो में से 33 प्रतिशत महिलाओं के लिए आरक्षित होंगे। इसके अलावा, गांवों के अटल पुस्तकालयों के लिए ‘पुस्तक सेतु पोर्टल’ लॉन्च किया गया। प्रदेश में अब तक 996 अटल पुस्तकालय खोले जा चुके हैं, जिन्हें इस पोर्टल से जोड़ा गया है। प्रत्येक पुस्तकालय में फर्नीचर, पुस्तकों का प्रारंभिक सेट और भारतनेट कनेक्टिविटी उपलब्ध कराई गई है। जल्द ही 650 और पुस्तकालय खोले जाएंगे, जिनमें से 500 नए पुस्तकालय 25 दिसंबर तक स्थापित करने का लक्ष्य है। पुस्तक सेतु पोर्टल के माध्यम से कोई भी व्यक्ति अपने गांव के अटल पुस्तकालय को निशुल्क पुस्तकें दान कर सकेगा।

सरकार के मुताबिक, DBT के जरिए भुगतान से पारदर्शिता बढ़ती है और राशि सीधे पात्र लाभार्थी तक पहुंचती है। जिन लोगों को अभी तक इन योजनाओं का लाभ नहीं मिला है, वे अपने नजदीकी CSC केंद्र या संबंधित विभाग की वेबसाइट पर जाकर Eligibility और आवेदन प्रक्रिया की जानकारी ले सकते हैं।