गंभीर ने रोहित-विराट पर कसा तीखा तंज? फैंस को आया गुस्सा

भारतीय कोच गौतम गंभीर ने दिया बड़ा बयान-भारतीय क्रिकेट टीम के हेड कोच गौतम गंभीर ने एक बार फिर सुर्खियां बटोर ली हैं। हार के बाद भी खिलाड़ियों की निजी सफलता पर उन्होंने तंज कसा और साफ कहा कि उनके लिए पर्सनल रिकॉर्ड से ज्यादा टीम की जीत मायने रखती है। रोहित शर्मा और विराट कोहली का नाम लिए बिना गंभीर ने जो कहा, वो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। दरअसल, गंभीर ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि हार के बावजूद अगर कोई खिलाड़ी अपनी पर्सनल सफलता की बात करे, तो वो टीम के लिए सही नहीं है। उनके लिए टी20 वर्ल्ड कप जैसी ट्रॉफी ही सबकुछ है, न कि कोई इंडिविजुअल रिकॉर्ड।

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गंभीर का ये बयान उस वक्त आया जब टीम इंडिया हाल ही में एक सीरीज हार चुकी है। कोच ने साफ तौर पर कहा कि मेरे लिए निजी सफलता नहीं बल्कि टीम की कामयाबी ही प्राथमिकता है। उन्होंने खिलाड़ियों से अपील की कि हार के बाद भी पॉजिटिव रहें और अगले मैच पर फोकस करें। गंभीर ने ये भी जोड़ा कि टी20 वर्ल्ड कप जीतना उनका सपना है और इसके लिए हर खिलाड़ी को अपना 100 फीसदी देना होगा। रोहित और विराट जैसे सीनियर खिलाड़ियों की फॉर्म पर सवाल उठ रहे हैं, ऐसे में गंभीर का ये बयान कई मायनों में अहम है।

‘हार के बावजूद खिलाड़ियों के…’

गंभीर ने आगे कहा कि हार के बावजूद खिलाड़ियों के चेहरे पर मुस्कान होनी चाहिए, क्योंकि क्रिकेट में उतार-चढ़ाव आते रहते हैं। लेकिन अगर कोई सिर्फ अपनी बल्लेबाजी या गेंदबाजी की बात करे और टीम की हार को इग्नोर करे, तो वो गलत है। कोच ने टीम मीटिंग में भी यही बात दोहराई कि पर्सनल मिलेस्टोन से ऊपर टीम की जीत है। उनका इशारा साफ था कि बड़े खिलाड़ी भी अब सिर्फ रनों या विकेटों के पीछे न भागें, बल्कि मैच जिताने पर फोकस करें।

गंभीर ने टी20 फॉर्मेट की खासियत बताते हुए कहा कि यहां हर मैच नया मौका है। हार गए तो क्या, अगला मैच जीतकर सब भुला सकते हैं। लेकिन इसके लिए मेंटल स्ट्रेंथ चाहिए। कोच ने युवा खिलाड़ियों की तारीफ की और कहा कि वो बिना डर के खेल रहे हैं, जबकि सीनियर्स को भी उनसे सीखना चाहिए। गंभीर का मानना है कि टीम इंडिया में टैलेंट की कोई कमी नहीं, बस सही मेंटालिटी की जरूरत है।

टी20 वर्ल्ड कप पर फोकस

गौतम गंभीर ने साफ किया कि उनका पूरा फोकस आने वाले टी20 वर्ल्ड कप पर है। उन्होंने कहा कि मेरे लिए कोई पर्सनल सफलता नहीं, बस ट्रॉफी उठाना है। कोच बनने के बाद से ही गंभीर आक्रामक रवैया अपना रहे हैं और खिलाड़ियों से भी यही उम्मीद कर रहे हैं। हार के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में उनका ये बयान फैंस को खूब पसंद आ रहा है। कई लोग इसे रोहित और विराट पर तंज बता रहे हैं, क्योंकि हाल के मैचों में दोनों की फॉर्म लचर रही है।

गंभीर ने टीम मैनेजमेंट की भी तारीफ की और कहा कि सपोर्ट स्टाफ के साथ मिलकर वो नई स्ट्रैटजी बना रहे हैं। कोच ने फैंस से अपील की कि टीम को सपोर्ट करें, क्योंकि क्रिकेट टीम गेम है। एक-दो हार से कुछ नहीं बिगड़ता। उनका ये पॉजिटिव अप्रोच टीम के मॉरेल को बूस्ट कर रहा है।

वायरल हो रहा बयान

सोशल मीडिया पर गंभीर का ये बयान तेजी से वायरल हो रहा है। फैंस तरह-तरह के मीम्स बना रहे हैं और कुछ लोग इसे सीनियर प्लेयर्स के लिए वेकअप कॉल बता रहे हैं। गंभीर ने आगे कहा कि हार के बाद भी खिलाड़ी अगर अपनी गलतियों से सीखें, तो जीत दूर नहीं। कोच का मानना है कि प्रेशर में खेलना ही असली टेस्ट है।

टी20 वर्ल्ड कप को देखते हुए गंभीर नई टीम कॉम्बिनेशन ट्राई कर रहे हैं। युवाओं को मौका देकर वो बैलेंस बनाना चाहते हैं। कोच ने साफ कहा कि जो खिलाड़ी टीम के लिए सोचेगा, वही प्लेइंग इलेवन में जगह पाएगा। उनका ये सख्त लेकिन सही रवैया टीम इंडिया के लिए नई शुरुआत साबित हो सकता है।

गंभीर का करियर बताता है कि वो हमेशा टीम प्लेयर रहे हैं। कोच बनने के बाद भी वही जज्बा दिख रहा है। फैंस को उम्मीद है कि उनके नेतृत्व में टीम इंडिया फिर से चैंपियन बनेगी। हार के इस दौर में गंभीर का बयान नई उम्मीद जगाता है।