Indian Cricket News : भारतीय क्रिकेट के गलियारों से एक बेहद दुखद और झकझोर देने वाली खबर सामने आई है। मिजोरम के पूर्व रणजी क्रिकेटर के. लालरेमरूआटा (K. Lalremruata) का गुरुवार को मैच के दौरान मैदान पर ही निधन हो गया। 38 वर्षीय इस अनुभवी खिलाड़ी ने बल्लेबाजी के बाद पवेलियन लौटते समय दम तोड़ दिया। इस घटना ने पूरे क्रिकेट जगत को स्तब्ध कर दिया है।
बल्लेबाजी कर लौट रहे थे, अचानक थम गईं सांसें
यह दर्दनाक हादसा मिजोरम के एक लोकल सेकेंड डिविजन क्रिकेट टूर्नामेंट के दौरान हुआ। लालरेमरूआटा ‘वेंगनुआइ रेडर्स क्रिकेट क्लब’ की ओर से खेल रहे थे।
- मैदान पर गिरे: अपनी पारी पूरी करने के बाद वह पवेलियन की ओर वापस जा रहे थे। तभी अचानक उन्हें सीने में तेज दर्द और असहजता महसूस हुई।
- हार्ट अटैक की आशंका: देखते ही देखते वह मैदान पर गिर पड़े। साथी खिलाड़ियों और आयोजकों ने उन्हें तुरंत अस्पताल पहुँचाने की कोशिश की, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। शुरुआती रिपोर्ट्स में मौत की वजह हार्ट अटैक बताई जा रही है।
मिजोरम क्रिकेट के ‘स्तंभ’ थे लालरेमरूआटा
के. लालरेमरूआटा मिजोरम क्रिकेट का एक बड़ा और सम्मानित चेहरा थे। उनके नाम कई उपलब्धियां दर्ज थीं:
- रणजी ट्रॉफी: उन्होंने दो बार रणजी ट्रॉफी में मिजोरम का प्रतिनिधित्व किया था।
- सैयद मुश्ताक अली: टी20 फॉर्मेट की इस प्रतिष्ठित ट्रॉफी में उन्होंने राज्य के लिए 7 मुकाबले खेले थे।
- युवाओं के रोल मॉडल: प्रोफेशनल क्रिकेट के साथ-साथ वह स्थानीय क्लबों में भी सक्रिय रहते थे और युवा खिलाड़ियों को ट्रेनिंग देते थे।
खेल मंत्री और क्रिकेट संघ ने जताया शोक
मिजोरम क्रिकेट संघ (MCA) ने उनके निधन को राज्य के लिए ‘अपूरणीय क्षति’ बताया है। वहीं, मिजोरम के खेल मंत्री लालघिंगलोवा हमार ने गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि खेल के मैदान पर एक अनुशासित और समर्पित खिलाड़ी को खोना बेहद दुखद है।
खिलाड़ी का परिचय: एक नज़र में (Quick Profile)
| विवरण | जानकारी |
| खिलाड़ी का नाम | के. लालरेमरूआटा (K. Lalremruata) |
| उम्र | 38 वर्ष |
| राज्य | मिजोरम (रणजी खिलाड़ी) |
| फॉर्मेट | रणजी ट्रॉफी, सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी |
| निधन का कारण | मैच के दौरान अचानक हार्ट अटैक |
सोशल मीडिया पर श्रद्धांजलि की लहर
लालरेमरूआटा के निधन की खबर फैलते ही सोशल मीडिया पर पूर्व खिलाड़ियों और फैंस ने उन्हें श्रद्धांजलि देना शुरू कर दिया। उनके अनुशासन और खेल के प्रति जुनून की हर कोई तारीफ कर रहा है। यह घटना एक बार फिर एथलीटों के कार्डियक हेल्थ और खेल के मैदान पर मेडिकल इमरजेंसी सुविधाओं पर सवाल खड़े कर रही है।

भूदेव भगलिया एक अनुभवी और वरिष्ठ पत्रकार हैं, जिन्होंने हिंदी पत्रकारिता की दुनिया में अपनी गहरी पकड़ और सटीक लेखन शैली से अलग पहचान बनाई है। पत्रकारिता के क्षेत्र में दो दशकों से अधिक अनुभव के साथ, भूदेव जी ने दैनिक हिंदुस्तान में 12 वर्षों तक और अमर उजाला में एक वर्ष तक महत्वपूर्ण जिम्मेदारियाँ निभाईं। वर्तमान में वे जागरूक यूथ न्यूज़ अखबार एवं पोर्टल में कंटेंट एडिटर के पद पर कार्यरत हैं, जहाँ वे न्यूज़ कंटेंट की गुणवत्ता और विश्वसनीयता सुनिश्चित करने में अहम भूमिका निभा रहे हैं। भूदेव भगलिया हमेशा उन मुद्दों पर कलम उठाते हैं जो समाज और युवा पीढ़ी को जागरूक करने में सहायक हों।
